श्रावस्ती में बाढ़ का कहर: सिसवारा पुल का संपर्क मार्ग कटने के कगार पर, छह महीने पहले की चेतावनी पर उठे सवाल
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श्रावस्ती में बाढ़ का कहर: सिसवारा पुल का संपर्क मार्ग कटने के कगार पर, छह महीने पहले की चेतावनी पर उठे सवाल
श्रावस्ती।
राप्ती नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज कटान ने श्रावस्ती में एक बार फिर बड़ी चिंता खड़ी कर दी है। गिलौला-भिनगा संपर्क मार्ग को जोड़ने वाले सिसवारा पुल का संपर्क मार्ग अब कटान की चपेट में है और सड़क का एक बड़ा हिस्सा नदी की ओर खिसक चुका है।
मौके की तस्वीरें हालात की गंभीरता बयां कर रही हैं। सड़क का किनारा तेजी से कट रहा है और अगर कटान का सिलसिला इसी तरह जारी रहा, तो सिसवारा पुल से जुड़ा यह महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग पूरी तरह प्रभावित हो सकता है।

हालात बिगड़ते देख प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंचा है और सड़क को बचाने के लिए काम शुरू किया गया है। हालांकि, इसी बीच एक बड़ा सवाल सामने आ रहा है—क्या इस खतरे का अंदाजा पहले से था?
स्थानीय लोगों और संबंधित पक्षों की ओर से दावा किया जा रहा है कि करीब छह महीने पहले ही संभावित खतरे को लेकर प्रशासन को आगाह किया गया था। यदि यह दावा सही है, तो सवाल है कि समय रहते स्थायी सुरक्षा इंतजाम क्यों नहीं किए गए?
यह मार्ग गिलौला क्षेत्र को भिनगा से जोड़ने वाले महत्वपूर्ण संपर्क मार्गों में शामिल है। सड़क के पूरी तरह क्षतिग्रस्त होने की स्थिति में आसपास के ग्रामीणों के आवागमन पर सीधा असर पड़ सकता है।

वहीं, सड़क निर्माण की गुणवत्ता और बाढ़-कटान से बचाव के लिए किए गए इंतजामों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, निर्माण में भ्रष्टाचार या किसी अधिकारी की लापरवाही के आरोपों की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। इन आरोपों पर संबंधित विभाग और प्रशासन का पक्ष सामने आना जरूरी है।
एक और महत्वपूर्ण बात यह है कि इसी साल जून में इस मार्ग के उद्घाटन की बात सामने आई थी। ऐसे में कुछ ही महीनों बाद सड़क का कटान की चपेट में आना सड़क की मजबूती, निर्माण गुणवत्ता और बाढ़ से बचाव के इंतजामों को लेकर सवाल खड़े करता है।

अब सबसे बड़ा सवाल यही है—
क्या प्रशासन सिसवारा पुल के इस महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग को राप्ती के कटान से बचा पाएगा?
और अगर छह महीने पहले ही खतरे की जानकारी दी गई थी, तो उस समय क्या कार्रवाई की गई थी?
फिलहाल सिसवारा पुल का लिंक मार्ग राप्ती नदी के कटान और प्रशासन की चुनौती—दोनों के बीच खड़ा है।
कैमरा टीम के साथ, श्रावस्ती से रिपोर्ट।
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